CSPDCLRaipur

रायपुर : आंधी – तूफान से बिज़ली टावरों , लाइनो को भारी क्षति , जांबाज़ बिज़ली अमले ने चंद घंटों में शुरू की आपूर्ति , कुछ स्थानों पर रात भर चलेगा काम

0

शिवगढ़ प्रेस / डेस्क समाचार , – आज शाम को आए जोरदार आंधी- तूफान के कारण विद्युत कंपनी के रायपुर, दुर्ग तथा राजनांदगांव क्षेत्र मे विद्युत खंभों और लाइनों को काफी नुकसान हुआ है जिसके कारण विद्युत आपूर्ति बाधित हुई । बहुत सारी जगहों पर फीडर, खंभों, तारों पर पेड़ गिरने से टूट फूट भी हुयी है। इस दौरान आंधी के वेग को लेकर लोग चर्चा कर रहे हैं कि उन्हें पहले इतनी तेज आंधी कब आयी ये याद नहीं आ रहा है। जांबाज विद्युत कर्मियों ने 2 घंटे के भीतर ही टूट -फूट की जगह तथा कारण खोजकर विद्युत आपूर्ति फिर चालू करने का काम कार्य प्रारंभ कर दिया। जिसके कारण ज्यादातर स्थानों पर रात गहराने के पहले ही उजाला हो गया।

बिज़ली कर्मी रात भर काम करते हुए जल्दी से जल्दी शेष स्थानों पर आपूर्ति सामान्य करने का काम करेंगे। जंगल वाले या दुर्गम स्थानों पर कुछ अधिक समय लग सकता है लेकिन वहॉं भी कल तक आपूर्ति सामान्य बनाने का प्रयास किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस प्राकृतिक आपदा के समय विद्युत कर्मियों द्वारा तत्परता से राहत दिलाने के उपायों पर नजर रखे हुए है।

आंधी की सर्वाधिक तीव्रता रायपुर क्षेत्र में थी। रायपुर शहर मे राठौर चौक मे हनुमान मंदिर सहित अनेक स्थानों पर पेड़ गिरने से 33 के वी लाइन टूट गई।देवेन्द्र नगर का शेड, सिमगा का टोल प्लाजा टूट गया। बलोदा बाजार -भाटापारा मे अनेक स्थानों पर पेड़, खंबे, 33 के वी लाइन टूटे हैं। दुर्ग क्षेत्र मे 132 के वी तार टूटने से स्क्रैप यार्ड में आग भी लगी जिसे जल्दी बुझा दिया गया। बेमेतरा , साजा,धमधा, पाटन, गुणर्देही ,बालोद, चरोदा,दुर्ग मे 33 के वी नेटवर्क को क्षति पहुँची, जिसे जल्दी ही ठीक कर लिया गया।

राजनांदगांव क्षेत्र में पारीनाला के पास 132 के वी का इंडस्ट्रीयल फीडर को क्षति पहुंची थी जिसे जल्दी ही ठीक कर दिया गया। राजनांदगांव शहर की आपूर्ति रात तक चालू कर दी गई। चिल्फी और झलमला के पास जंगल में 33 केवी के तार टूटने से आपूर्ति बाधित हुयी है, जिसे ठीक किया जा रहा है, यह कार्य कल तक पूरा हो जाएगा।

*********************************

Vaibhav Chandrakar

दुर्ग : पत्रकार की पत्नी प्रेमलता देशमुख ने आरंभ किया डोर टू डोर जनसंपर्क

Previous article

मेड़ेसरा संकुल में हुआ ससम्मान विदाई समारोह

Next article

You may also like

Comments

Leave a reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

More in CSPDCL